देहरादून: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पेपर लीक मामलों के त्वरित निस्तारण के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट गठित करने की घोषणा की. जिसका उत्तराखंड भाजपा ने जोरदार स्वागत किया है. गुरुवार को प्रदेश भाजपा मुख्यालय में कैबिनेट मंत्री खजान दास ने कहा केंद्र सरकार की प्राथमिकता देश के युवाओं का भविष्य सुरक्षित करना है. उन्होंने कहा परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए लगातार ठोस कदम उठाए जा रहे हैं.
खजान दास ने कहा पेपर लीक जैसे मामलों में दोषियों को जल्द सजा दिलाने के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट की व्यवस्था प्रभावी साबित होगी. साथ ही उन्होंने राहुल गांधी और कांग्रेस पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि विपक्ष छात्रों के मुद्दों का समाधान करने के बजाय उनका राजनीतिकरण कर रहा है. उन्होंने राहुल गांधी पर प्रधानमंत्री की सुरक्षा व्यवस्था के प्रोटोकॉल का उल्लंघन करने का भी आरोप लगाया और इसे राजनीतिक प्रपंच बताया.
खजान दास ने कहा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में युवाओं का भविष्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है. इसी सोच के तहत सार्वजनिक परीक्षाओं को निष्पक्ष एवं पारदर्शी बनाने के लिए लगातार कानूनी और प्रशासनिक सुधार किए जा रहे हैं. उन्होंने बताया केंद्र सरकार ने निर्णय लिया है कि पेपर लीक से जुड़े मामलों में दोषियों के खिलाफ त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए फास्ट ट्रैक अदालतों का गठन किया जाएगा. इसके लिए संबंधित विभागों को आवश्यक प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए जा चुके हैं. उन्होंने कहा इससे न केवल मामलों का जल्द निस्तारण होगा. भविष्य में परीक्षा प्रणाली के प्रति छात्रों और अभिभावकों का विश्वास भी मजबूत होगा.
उन्होंने कहा कि अब नीट पेपर लीक मामले के आरोपियों पर सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) अधिनियम-2024 के तहत मुकदमा चलाया जाएगा. यह कानून 21 जून 2024 से पूरे देश में लागू है. इसका उद्देश्य सार्वजनिक परीक्षाओं में पेपर लीक, नकल, सॉल्वर गैंग, इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के दुरुपयोग तथा अन्य अनुचित गतिविधियों पर प्रभावी रोक लगाना है. कानून में दोषियों के लिए कठोर सजा और भारी जुर्माने का प्रावधान किया गया है.
खजान दास ने विपक्ष के रवैये पर भी सवाल उठाए. उन्होंने कहा सरकार संसद में नीट और पेपर लीक जैसे गंभीर मुद्दों पर विस्तृत चर्चा चाहती है, लेकिन कांग्रेस और विपक्ष चर्चा से बचने का प्रयास कर रहे हैं. उनके अनुसार छात्रों के भविष्य से जुड़े विषय पर राजनीति नहीं होनी चाहिए, बल्कि सभी दलों को मिलकर समाधान तलाशना चाहिए. उन्होंने कहा कांग्रेस के शासनकाल में भी कई पेपर लीक की घटनाएं हुई थीं, लेकिन वर्तमान सरकार ने परीक्षा प्रणाली को लीक-प्रूफ बनाने के लिए सख्त कानून लागू किए हैं.
प्रदेश भाजपा महामंत्री दीप्ति रावत ने कहा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में उत्तराखंड सरकार ने नकल और पेपर लीक पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया है. उन्होंने दावा किया कि राज्य में लागू सख्त नकल विरोधी कानून के बाद नकल माफिया पर बड़ी कार्रवाई हुई है. सैकड़ों आरोपियों को जेल भेजा गया है. उनके अनुसार पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया के चलते राज्य में 40 हजार से अधिक सरकारी नियुक्तियां बिना किसी अनियमितता के संपन्न हुई हैं.